बजे 2
रात के मेरा phone
कान पे airpod
घास है करी roll
घर से miss call
मैं बैठा pissed off
पर बोलूं किसको
हो गया मैं Lost
हो गया क्यूं Lost
चला था बनने Woke
Trapped in Nightmares
करूं मैं Sleep Talk
जैसे मुझे होश
असल में वो Ghost
Thoughts like Dirt Road
खो गया हूं दोस्त
Fail सारी कोशिश
Feels like I Lost it
धुआ फेंके lungs
Im Literally Exhausted
करूं कारनामे रोज ही
देखूं तारे ना मैं ज्योतिष
क्योंकि घर है मेरा Lost
खुली आंख
Awake हूं या हूं woke
देखूं आंख खोल
मैं कौन हूं
दिखूं जो
या वो मैं को
बना Ego
बैठा हुआ देखे जो
तो बोलो
फिर हूं मैं कौन
ना ambition कोई बचा
ना motivation कोई रुका
तभी छोड़ी sales job
ना commission का भूखा
ना है mission कोई
ना बातों में अब इन दिनों कोई चाह
लगे Depression सा ही
घुटूं सांस में ईंधन का धुआ जैसे
तो फूकूं रोज
I dont see no hope
कितने बदलूं घर
कितनी बदलूं job
कितने बदलूं दोस्त
कितने करूं block
कितने बदलूं blocks
कितने करूं course
कितने भरूं forms
कितने करूं calls
ठीक ठाक रहने को दबाऊं
Feelings जो भी है inside
Sleep Talk करता usually
Feeling like walking dead shit type
भीड़ भाड़ सर में noisy
These thoughts made me a Zombie
And Retard
बचपन से
पर अब नि हूं बच्चा तो ढूंढूं मैं बचाव
Brain है Foggy
और कमरा रहता धुंध में मेरा
मैं रहता धुन में मेरी
था जबसे school से निकला
And got no Trophy
ना medal कोई भूल से मिला
हर दम पूछूं खुद से Looser मैं या
ये मन है बावला
रहता पूछता सवाल
और रंग है सांवला
भले ना मैं धूप में खेला
नई राह मिलती कैसे
जो ना हाथ छूटता मेरा
लगे कम ना कहीं से दुनिया कुंभ का मेला
और मैं Lost
चला था बनने Woke
Trapped in Nightmares
करूं मैं Sleep Talk
जैसे मुझे होश
असल में वो Ghost
Thoughts like Dirt Road
खो गया हूं दोस्त
Fail सारी कोशिश
Feels like I Lost it
धुआ फेंके lungs
Im Literally Exhausted
करूं कारनामे रोज ही
देखूं तारे ना मैं ज्योतिष
क्योंकि घर है मेरा Lost
किराये पे कमरे 2..
उसपे भी eviction notice,
कहा से mortgage..
Homeless..
सा होने को..
है नि धन तो बहुत दिन,
हो गए pending…
Rent भी..
Electric,
Car जो automatic..
No insurance,
तोलूं life को debt से ढाई दो बजे..
which one is more Expensive
कल को भरू जो Card पे कर्ज़े, (क)
खत पे और करूँ खुमार पे खर्चे (ख)
गलत ना हूँ जो तो ना गांड से गरजे, (ग)
घटना घटे घालू घात मैं घर पे, (घ)
चरखा नहीं यहाँ चाखना चरस है, (च)
छपना यही कल छांग गए छल से, (छ)
जमता नहीं था वो जान के जलते.. (ज)
करे झरना नदी क्या? झाँट जब झुलसे, (झ)
साल से नि भेजे घर पे पैसे..
बाप पूछ रहा था कब?
ढूंढूं मैं काम दूसरा अलग,
झूझूं, हालात ठीक ना है अब,
और हाँ,
बाप से नि बेटे डरते वैसे..
बाप को पूछने का हक है सब,
पर सुन ना पाएंगे सच,
साला दुख ना पाए ये बंट,
It sucks..
जैसे Verizon का Wifi,
था सुना..
ज़िंदगी है बला..
किसी के ना हाथ आई,
तो मैं चला, करने भला..
कहीं ना बन बात पाई,
बुरा बनके लात खाई
जोड़ी पाई-पाई 2 बार..
और लाया चारपाई, bitch (चौपाई )
दू सलामी..
तौप 21 की..
भले तिथि 26 नहीं..
बधाई जैसे Republic day की..
ये कैसी उलटी बात??
मैं Goswami..
वो snitch ass नहीं..
Who be screaming like a bitch..
सुबह शाम..
On Republic TV,
मैं हूँ तुलसीदास ,
मूर्ति को पूजूं मैं..
क्यूँ जब मूर्ति खुद हूँ मैं..
और मूर्तिकार,
भी खुद ही हूँ..
तो मूंदी आँख.. और ढूंढूं मुक्ति कहाँ,
पर दिखी ना..
मिली कोई राह..
मैं लुप्त सा होने लगा
रोज़ एक ही loop में चलता
So messed up.. boy get up
Time हुआ duty का