
ना सुकून मिला ढूंढा वे जग सारा
दिल में जो रखा है सुन ले हो यारा
आसमान की जो खुद से ना बुझती वो
करनी है तेरे से बयां
ये जो दिल की बात
हां गुज़ारा ना तेरे बिना
हां सहारा ना तेरे सिवा
अनजाने रस्तों पे चला
गुज़ारा ना तेरे बिना
हां सुन ले ये दिल की इल्तजा
सहारा ना तेरे सिवा
वो ना कभी किसी और में पाया
फरेब नजर ना हो मुझ पे वो साया
जो लगे तुझसे मिल गया
ना जाने क्या बुरा क्या भला
मुझको ये समझा दे
बेचैन रूह को सुकून तू दिला दे
अपने दिल का पता दे
ले चल मुझे अब कहीं जग पार
ढूंढा वे जग सारा, सारा
हां सहारा ना तेरे सिवा
अनजाने रस्तों पे चला
गुज़ारा ना तेरे बिना
हां सुन ले ये दिल की इल्तजा
सहारा ना तेरे सिवा
ढूंढा वे जग सारा, सारा