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Sencillo / Pista
मैं क्यूँ दामन को फैलाऊँ?
मैं क्यूँ कोई दुआ माँगू?
तुझे जब पा लिया मैंने
ख़ुदा से और क्या माँगू
बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
अपने ख़ुदा से माँग ली
मैंने तेरी वफ़ा, सनम
बाँट रहा था जब ख़ुदा
हो, बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
अपने ख़ुदा से माँग ली
मैंने तेरी वफ़ा, सनम
नि सा सा सा, रे सा सा सा
रे रे रे सा सा सा, ध सा सा सा सा
रे सा सा, रे रे सा सा सा
मेरी वफ़ा के साज़ में
गूँज रही है लए तेरी
मेरी वफ़ा के साज़ में
गूँज रही है लए तेरी
मैं भी हूँ तेरी जान-ए-जाँ
मेरी वफ़ा भी है तेरी
तू ही जो मिल गया मुझे
तू ही जो मिल गया मुझे
चाहिए और क्या, सनम?
बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
अपने ख़ुदा से माँग ली
मैंने तेरी वफ़ा, सनम
काश मैं अपनी ज़िंदगी
प्यार में यूँ गुज़ार दूँ
हो, काश मैं अपनी ज़िंदगी
प्यार में यूँ गुज़ार दूँ
वक़्त पढ़े तो दिल के साथ
जान भी अपनी वार दूँ
शायद इसी तरह से हो
शायद इसी तरह से हो
प्यार का हक़ अदा, सनम
बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
अपने ख़ुदा से माँग ली
मैंने तेरी वफ़ा, सनम
म प म म प, म रे म नि नि सा
नि नि स प, म नि सा ग रे रे
सा ग रे म ग रे सा नि ध प ग
लोग यहाँ तेरे-मेरे
प्यार को आज़माएँगे
लोग यहाँ तेरे-मेरे
प्यार को आज़माएँगे
तुझको अलग सताएँगे
मुझको अलग रुलाएँगे
अपना मगर है फ़ैसला
अपना मगर है फ़ैसला
होंगे ना हम जुदा, सनम
बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
बाँट रहा था जब ख़ुदा
सारे जहाँ की नेमतें
अपने ख़ुदा से माँग ली
मैंने तेरी वफ़ा, सनम