सारे जहाँ की चौखटों पे मैं तो
मन्नत के धागे बाँध आया
सजदे में जा के रख दिया सर, यारा
तब जा के तुमको मैंने पाया
मेरी अमानत हो तुम, मेरी बंदगी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
जब तुम नहीं थे, बे-नूर था मैं
ख़ुद से ही मीलों तक, हाँ, दूर था मैं
जब तुम नहीं थे, बे-नूर था मैं
ख़ुद से ही मीलों तक, हाँ, दूर था मैं
मेरी तमन्ना हो तुम, मेरी ख़ुशी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
दिल की दीवारों पे तेरा ही नाम है
तू आबरू मेरी, तू ही ग़ुमान है
दिल की दीवारों पे तेरा ही नाम है
तू आबरू मेरी, तू ही ग़ुमान है
मेरी ज़मानत हो तुम, मेरी मौसीक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम, मेरी आशिक़ी हो
मेरी आशिक़ी हो तुम