मतलबी दुनिया ता पड़ा था घिरा
तेरी ते जाना ते जीवन खिल गया
नोट छापने की मशीन को ना चाहिए भोलेनाथ
मने तू मिल जाए तो सब कुछ मिल गया
दौलत ते शोहरत ते छोटी चीज से
गेल जिब तू है फिर मुश्किल क्या
नोट छापने की मशीन को ना चाहिए भोलेनाथ
मने तू मिल जाए तो सब कुछ मिल गया
बबूती भस्म तेरे रीति रस्म स्तुति करे देवता गण
तेरे में कर्म तेरे में धर्म तेरे में परम सुख और धन
लगा समाधि अंत और आदि यहां सब कुछ रचती तेरी कलम
तेरे पर भाव का ना हो अभाव ना तुझसे लगाव हो मेरा कम
तू हम सफर तू ही हमदम शिव मैं करूं वंदना हरदम
शिव तुझ में ही गति और खुशियां गम अवधूत तपस्वी त्रयंबकम
मुझे प्रेम हुआ है तुझसे शिव
मुझे सब दीखता है तुझ में शिव
मैं तेरा ही दीवाना हूं बस तुम बसते हो मुझ में शिव
मतलब दुनिया ता पड्या था घिरा
तेरी दे जाना ते जीवन खिल गया
नोट छापने की मशीन को ना चाहिए भोलेनाथ
मने तू मिल जाए तो सब कुछ मिल गया
दौलत ते शोहरत ते छोटी चीज से
गेल जिब तू है फिर मुश्किल क्या
नोट छापने की मशीन को ना चाहिए भोलेनाथ
मने तू मिल जाए तो सब कुछ मिल गया
हां क्या बताऊं किसी को मैं तुझको बताऊं तू ही सुन ले मेरी प्रार्थना
ओ भोलेनाथ ओ भोलेनाथ भोलेनाथ भोलेनाथ ओ भोलेनाथ भोलेनाथ