किसकी ग़लतियाँ थीं, मुझे ना पता
कैसे भूलूँ तेरी यादों को? मुझे तू दे बता
काफ़ी कर चुकी तू बातें ये बुरी
ना जताऊँ तुझे प्यार, मुझे लगता ना सही
ये कैसा वो पल था, जब मैं तेरे साथ था
किसकी थीं वो ग़लतियाँ, मैं खोजूँ तुमको, तुम कहाँ?
हमने किए वादे साथ, हम रहेंगे हर-दम पास
तो कब था ग़लत मैं?
करता कोशिशें, मैं कोशिशें मैं भूलूँ तेरी यादों को (uh)
कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? तू है बेवफ़ा, बेवफ़ा
करता कोशिशें, मैं कोशिशें मैं भूलूँ तेरी यादों को (uh)
कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
शायद तू ना मेरे लिए थी सही (uh)
शायद मेरी इन लकीरों में वफ़ा की थी कमी
मिली मुझे तेरे प्यार की सज़ा (uh)
पर मैं जाना, तू तो निकली बेवफ़ा (yeah)
तो बोलो कैसे मैं जाऊँ इन यादों से
फिर तो दूर, फिर तो दूर? (uh)
क्योंकि दिल में हैं भरी तेरी वो यादें बीते
कल की आज, कल की आज
करता कोशिशें, मैं कोशिशें मैं भूलूँ तेरी यादों को (uh)
कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? तू है बेवफ़ा, बेवफ़ा
करता कोशिशें, मैं कोशिशें मैं भूलूँ तेरी यादों को (uh)
कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? कैसे भूलूँ? तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा
क्योंकि तू है बेवफ़ा