Elige una pista para reproducir
खून में अंगार ली चला
आंधियों को चीर ता हुआ
मौत को भी देगा ये हरा
आज न माने हार
सूरज लहू में छोड़े अंगारे
इसकी तपिश से झुकेंगे सारे
ज़मीन पे आके देंगे सलामी
चाँद सितारे हो वन्दे मातरम्
वन्दे मातरम् वन्दे मातरम्
धरती है ये जनबाज़ों की
मशाल फूंके अम्बरों के तारे
कतरा कतरा बह जाए आन बान जब ललकारे
जिगरा इतना पर्वत क्या आज चीर दे जल के ये धारें
सुजलाम सुफलाम
मलयाचल से शीतलाम
सस्यश्यामलाम
मातरम् वन्दे
सुजलाम सुफलाम
मलयाचल से शीतलाम
सस्यश्यामलाम
मातरम् वन्दे
वन्दे वन्दे वन्दे
सूरज लहू में छोड़े अंगारे
इसकी तपिश से झुकेंगे सारे
ज़मीन पे आके देंगे सलामी
चाँद सितारे
खून में अंगार ले चला
आंधियों को चीर ता हुआ
जीत की जिद्द पे चला
तेरा जूनून न माने हार