Выберите трек для воспроизведения
सुनहरी कूंजे जब उड़ते उड़ते
उफ़ुक़ की टहनी पे बैठ जाए
तुम्हारे कंधो पे झुक के
जब शाम बो सा लेले
चराओ खोलें जब
अपनी मधम उदास आँखे
तुम अपने चेहरे पे खिंच लेना हया का आँचल
मै हौले हौले मना के आँचल उतार लूंगा
तुम्हारे होठों के ठंडे ठंडे ये गुलाब
आँखों पे रख के मै
रात को सुनाऊंगा फिर उसी नींद की कहानी
वो नींद जो जाग के मिली थी तुम्हारे आगोश के सुकु में