आह को चाहिए एक उम्र असर होने तक
आह को चाहिए एक उम्र असर होने तक
कौन जीता है तेरे ज़ुल्फ़ के सर होने तक
आह को चाहिए
आशिक़ी सब्र तलब और तमन्ना बेताब
आशिक़ी सब्र तलब और तमन्ना बेताब
दिल का क्या रँग करूँ खून-ए-जिगर होने तक
दिल का क्या रँग करूँ खून-ए-जिगर होने तक
कौन जीता है तेरे ज़ुल्फ़ के सर होने तक
आह को चाहिए
हम ने माना के तगा कुल न करोगे लेकिन
हम ने माना के तगा कुल न करोगे लेकिन
खाक हो जाएंगे हम तुम को खबर होने तक
खाक हो जाएंगे हम तुम को खबर होने तक
कौन जीता है तेरे ज़ुल्फ़ के सर होने तक
आह को चाहिए एक उम्र असर होने तक
आह को चाहिए