यो, this is मृणाल शंकर
फटेगा फटेगा, लक्ष्मी बॉम्ब फटेगा
बोल बोल बोल रे तू किती पण बोल पर ये बात तेरे भेजे में डाल
झोल झोल झोल पूरी दुनिया है झोल जो पण नाडला त्याच्या नाना ची टांग
लक्ष्मी बॉम्ब फट्टे
खुलके नाच नाच नाच नाच तोड़ बीट आज
अपना राज राज राज राज लगा बड़ी आवाज रे
बिंदास लाज वाज सबको छोड़ कर पिशाच को
निकाल बाहर १ २ ३ ४ ५ चल
चल चल चक्कर लगा के चांदनी चौक के
टपरी की चाय, निशाने लगे रोड पे
कुछ भी मैटर हो लेना ना लोड
तेरी दीदी है गुंडी सब मुझपे तू छोड़ दे
आम्ही मराठी पोरी
(लय भारी लय भारी)
आमच्या नज़रा शिकारी
(लय भारी लय भारी)
नहीं मालूम लाचारी
(लय भारी लय भारी)
ठसक्याची अलमारी
लय भारी
निभाओगे यारी
(लय भारी लय भारी)
तर राहिल मंडल अभारी
(लय भारी लय भारी)
ओह आमची बोली करारी
(लय भारी लय भारी)
चंद्रकोर और नवारी साड़ी
आएगी आएगी वापस आएगी मैं
चिप्स के बीट पे वापिस आएगी मैं
फटेगा, लक्ष्मी बॉम्ब फटेगा
This is मृणाल शंकर, क्या?