
दिल दीवाने बंदोबस्त कर ले
तू स्वयं ही खुद को मस्त कर ले
सोच मत कर ले
सटासट गुनाह
ए इस जहां से मिलती बेबसी है
अपनी मुट्ठियों में ही खुशी है
ये खुशी अपनी, फटाफट मना
कर ले गुनाह, सटासट
कहते हैं कि
दीवारों के भी कान होते हैं जी
बिना आवाज़ के
तू हो जा, तू हो जा, तू हो जा
शुरू शुरू
हो जा, तू हो जा शुरू
किसी की ज़रूरत नहीं है तुझे
तू खुद ही है अपना गुरूर
मिनटों के लिए तू लुप्त हो जा
राज़ की तरह तू गुप्त हो जा
कार्यक्रम अपना खटाखट बना
दिल दीवाने बंदोबस्त कर
तू स्वयं ही खुद को मस्त कर ले
सोच मत कर ले
सटासट गुनाह
ए इस जहां से मिलती बेबसी है
हम्म है हम हम है
अपनी मुट्ठियों में ही खुशी है